Showing posts with label सीने में आग. Show all posts
Showing posts with label सीने में आग. Show all posts

Friday, 7 April 2017

अब ना गाड़ी बुलाती है....

















अब ना गाड़ी बुलाती है, और ना सीटी बजाती है...
-------------------***-----------------


अब ना गाड़ी बुलाती है, और ना सीटी बजाती है...

               अपनी तो जिन्दगी बस, यूँ ही बीती जाती है...

अब ना डिब्बों का मेल है, ना छुक छुक का खेल है...

               गुजर गये जो प्यारे लम्हें, उन लम्हों की याद आती है...

अब ना सीने में आग है, ना कोई सुरीला राग है...

               ठहर गया साहिल जैसा, बस लहरें आती जाती है...

अब ना गाड़ी बुलाती है, और ना सीटी बजाती है...

               अब तो जिन्दगी 'रवीन्द्र', बस यूँ ही बीती जाती है...


                      ....©रवीन्द्र पाण्डेय💐💐💐
                          @9424142450#

पल दो पल के साथ का.....

पल दो पल के साथ का, मुंतज़िर मैं भी रहा... ------------------------***-------------------- पल दो पल के साथ का, मुंतज़िर मैं भी...